Wednesday, June 15, 2022

नासिर काज़मी - एक ग़ज़ल

नासिर काज़मी - एक ग़ज़ल

वो साहिलों पे गाने वाले क्या हुए

वो कश्तियाँ चलाने वाले क्या हुए

वो सुब्ह आते आते रह गई कहाँ

जो क़ाफ़िले थे आने वाले क्या हुए

मैं उन की राह देखता हूँ रात भर

वो रौशनी दिखाने वाले क्या हुए

ये कौन लोग हैं मिरे इधर उधर
वो दोस्ती निभाने वाले क्या हुए

वो दिल में खुबने वाली आँखें क्या हुईं

वो होंट मुस्कुराने वाले क्या हुए

इमारतें तो जल के राख हो गईं

इमारतें बनाने वाले क्या हुए

अकेले घर से पूछती है बे-कसी

तिरा दिया जलाने वाले क्या हुए

ये आप हम तो बोझ हैं ज़मीन का

ज़मीं का बोझ उठाने वाले क्या हुए


नासिर काज़मी

नासिर काज़मी

ज़िया मोहीउद्दीन

ज़िया मोहीउद्दीन


नोमान शौक़

नोमान शौक़


Hanuman 12 said...

Hanuman, the son of Pawan, Hanuman is known for its symbol of power and strength and was enthusiastic about Lord Rama. Adorer worships him to get freedom from fear and suffering and read the text of 'हनुमान' in their worship. This lesson is important for us to overcome any disorder and fear. But you ever understood the meaning of each letter in Hanuman Chalisa; in Hindi mein

premiumguider said...

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muhammad solehuddin said...

nice info!! can't wait to your next post!
comment by: muhammad solehuddin
greetings from malaysia