Wednesday, October 22, 2008

मुशायरा








"आज की ग़ज़ल" पर अब तक प्रकाशित शायरों को लेकर आ
रहे हैं हम एक साथ, एक बेहतरीन मुशायरे में.
आप सब सादर आमंत्रित हैं.
सतपाल ख्याल

1 comment:

गौतम राजरिशी said...

क्या बात है सतपाल जी....इंतजार है बेसब्री से इस मुशायरे का.क्या हम जैसे नौसिखिये भी हिस्स ले सकते है क्या?